Tik Tok

TikTok हुआ बैन: कनाडा ने किया इस शॉर्ट वीडियो प्लेटफार्म को देश में बैन, यह है कारण – दुनिया भर में प्रसिद्ध चाइना का शॉर्ट वीडियो चाइनीज प्लेटफार्म TikTok पर कनाड़ा द्वारा पूरी तरह से बैन कर दिया गया है। सभी डिवाइसेज के लिए TikTok पर यह बैन आधिकारिक तौर पर सरकार ने लगाया गया है। टिकटॉक एप पर सरकार द्वारा इस बैन लगाने का कारण बताते हुए कनाडा देश की प्राइवेसी और डाटा सिक्योरिटी को खतरा बताया है। TikTok की पैरंट कंपनी के बारे में बता दें कि यह एक चाइनीस कंपनी है जिसका नाम ByteDance है। इस कंपनी का सीधा संबंध चीन के बीजिंग से बताया गया है। TikTok ऐप पर समय-समय पर यह आरोप लगते हैं कि इस ऐप के माध्यम से दुनिया के सभी यूजर्स जो टिकटोक का इस्तेमाल करते हैं उनके डाटा को कंपनी के द्वारा स्टोर किया जाता है।

जस्टिन ट्रूडिऊ जोकि कनाड़ा के प्रधानमंत्री है उन्होंने टिकटॉक को लेकर मीडिया में यह बयान दिया है कि सरकार इस बात को लेकर काफी ज्यादा गंभीर है कि कनाडा के लोगों की ऑनलाइन डाटा की सुरक्षा को किस प्रकार से सुरक्षित किया जा सकता है। TikTok पर बैन के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि उन्होंने अभी पहला कदम उठाया है। और इस कदम को उठाने की बेहद ही ज्यादा जरूरत थी तथा इसके बाद भी अगर कुछ कड़े कदम उठाने पड़े तो वह जरूर ऐसा करने वाले हैं।

रॉयटर्स की एक रिपोर्ट में यह बताया गया है कि कनाड़ा में सरकारी डिवाइसेज पर अब टिकटॉक को किसी भी प्रकार से डाउनलोड नहीं किया जा सकता है। इसका सीधा अर्थ है कि कनाडा के सरकारी कर्मचारी अब टिक टॉक ऐप का इस्तेमाल अपने स्मार्टफोन में नहीं कर सकते हैं।

कनाडा में बैन होने पर TikTok की तरफ से यह कहा गया कि वह इस फैसले को लेकर काफी ज्यादा नाखुश है। इसी के साथ बाद में इस चाइनीस ऐप की तरफ से आधिकारिक रूप से बयान जारी कर कहा गया कि वह कनाड़ा सरकार द्वारा उठाया गया यह कदम हमारे लिए काफी हैरानी भरा है। आपको बता दें कि TikTok पर बैन यूरोपियन यूनियन की तरफ से भी लगाया गया है। इस ऐप पर बैन लगाने वालों की सूची में अमेरिका का नाम भी शामिल है।

टिक टोक ऐप की तरफ से एक प्रवक्ता द्वारा यह बयान दिया गया है कि कनाडा में ऐप पर बिना किसी सुरक्षा का कारण बताएं बैन लगा दिया है। प्रवक्ता ने यह भी बताया गया कि कनाडा ने एप पर बैन लगाने के बारे में हमसे किसी प्रकार की बातचीत नहीं करी है। कनाडा ने हमसे बिना किसी बारे में चर्चा करे ही यह बैन लगा दिया है ।

हम जानते ही हैं कि पहले ही अमेरिका टिक टॉक ऐप पर पूरी तरह से बैन लगा चुका है। इस श्रंखला में अमेरिका के बाद यूरोपियन यूनियन भी जुड़ गया जिसने TikTok को सरकारी डिवाइजर्स में बैन कर दिया था। अमेरिका की तरफ से इस शार्ट वीडियो प्लेटफार्म को बैन करते समय यह कहा गया था कि चीनी सरकार टिक टॉक पर यूजर्स की निजी जानकारी देने को लेकर दबाव बना सकती है। और इसी कारण से इस चाइनीस ऐप को बैन कर दिया गया।

Shambhavi Kumari
शांभवी कुमारी न्यूज़ हिंदी 360 के लिए एक अनुभवी समाचार लेखिका हैं। उन्हें तकनीक, खेल और स्वास्थ्य समाचार में 3 वर्षों से अधिक का अनुभव है। इसके अलावा, उसे नई चीजों के बारे में पढ़ना और लिखना पसंद है। शांभवी से ईमेल shambhavi@oispice.com के माध्यम से संपर्क किया जा सकता है